Which one to choose? High NAV or Cheap NAV

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What Is NAV and Why Does It Matter? Whenever you check the performance of a mutual fund or SIP, you’ve probably seen the term NAV .  But  ✍what exactly does it mean, and  ✍why do investors talk about it so much?  Understanding NAV is essential for making smart investment decisions—especially if you want to grow wealth confidently and avoid common beginner mistakes. You may also know👇 ✍What Is NAV? NAV (Net Asset Value) is the per-unit value of a mutual fund or in other word say it is the price of one unit of a fund on any given day. When you invest in SIP/Mutul fund, you will get fixed numbers  of units(Decided by  NAV price of that day) ✍How NAV calculated? It is calculated using a simple formula: NAV = (Total Assets – Total Liabilities) ÷ Number of Units  Every business day, after the market closes, AMCs calculate and publish updated NAVs for each scheme. ✍Does a Higher or Lower NAV Mean Better Returns? One of the biggest misconceptions among n...

SIP Kaise suru kare



एसआईपी (SIP) निवेश कैसे शुरू करें?

बहुत अच्छा सवाल! 🚀 सिस्टेमेटिक इन्वेस्टमेंट प्लान (SIP) समय के साथ धन बनाने के सबसे स्मार्ट तरीकों में से एक है। जब आप एसआईपी शुरू करने के बारे में सोचते हैं तो आपके मन में कई सवाल आ सकते हैं जैसे:

  • क्या SIP निवेश सुरक्षित है?
  • क्या SIP निवेश कभी भी निकाला जा सकता है?
  • सबसे अच्छा SIP निवेश कौन सा है?
  • SIP निवेश कैसे काम करता है?
  • SIP निवेश योजना क्या है?
  • SIP निवेश को कैसे ट्रैक करें?
  • शुरुआती लोगों के लिए SIP निवेश
  • 1 साल के लिए SIP निवेश

यहां हम इन सभी बातों के बारे में जानेंगे। तो सबसे पहले देखते हैं कि SIP निवेश कहां से शुरू करें।



🔑 SIP निवेश शुरू करने के स्टेप्स

1. अपने वित्तीय लक्ष्य तय करें

  • यह तय करें कि आप किसके लिए निवेश कर रहे हैं: रिटायरमेंट, बच्चे की पढ़ाई, घर खरीदना या धन सृजन।
  • निवेश की अवधि (शॉर्ट-टर्म, मीडियम-टर्म, लॉन्ग-टर्म) तय करें।

2. अपनी जोखिम प्रोफाइल जांचें

  • कंजरवेटिव (Conservative) → डेब्ट फंड्स
  • मॉडरेट (Moderate) → बैलेंस्ड/हाइब्रिड फंड्स
  • एग्रेसिव (Aggressive) → इक्विटी म्यूचुअल फंड्स

अगर आप एग्रेसिव निवेशक हैं और लंबी अवधि में ज्यादा रिटर्न चाहते हैं तथा पोर्टफोलियो में उतार-चढ़ाव सह सकते हैं तो इक्विटी म्यूचुअल फंड चुन सकते हैं।



इक्विटी म्यूचुअल फंड:

इक्विटी फंड में कई प्रकार के फंड होते हैं जैसे स्मॉल कैप, मिड कैप, लार्ज कैप, मल्टीकैप आदि। अपने लक्ष्य और समय सीमा के अनुसार फंड चुनें।

  • स्मॉल कैप: लंबे समय के निवेशकों के लिए बेहतर, अधिक रिटर्न लेकिन ज्यादा उतार-चढ़ाव।
  • मिड कैप: उतार-चढ़ाव और रिटर्न स्मॉल कैप से कम।
  • लार्ज कैप: कम उतार-चढ़ाव, लेकिन रिटर्न भी कम। स्थिरता चाहने वाले निवेशकों के लिए।
  • डेब्ट म्यूचुअल फंड: कम अवधि (1–2 साल) के निवेश के लिए।


3. SIP शुरू करने के लिए सही प्लेटफॉर्म चुनें

कई ऑनलाइन प्लेटफॉर्म हैं जिनसे निवेश आसान हो गया है और ये सभी SEBI रेगुलेशन के तहत आते हैं, इसलिए SIP सुरक्षित है।

उदाहरण:

  • AssetPlus
  • सीधे AMC के जरिए

👉 अगर आप शुरुआत कर रहे हैं तो AssetPlus जैसे प्लेटफॉर्म से शुरू करना आसान है। यहां म्यूचुअल फंड डिस्ट्रीब्यूटर आपको कॉल करके सही फंड चुनने और निवेश गाइड करने में मदद करेगा।

अगर आपको बाजार की समझ और समय है तो आप डायरेक्ट निवेश कर सकते हैं, वरना बेहतर है कि किसी फाइनेंशियल एक्सपर्ट के साथ शुरुआत करें। जिस तरह आप डॉक्टर पर भरोसा करते हैं, वैसे ही अपने फाइनेंशियल एक्सपर्ट पर भरोसा करें।

 👉 click for Distributor or email at sipthefuturewealth@gmail.com


4. KYC पूरा करें (Know Your Customer)

भारत में सभी म्यूचुअल फंड निवेशकों के लिए KYC अनिवार्य है। ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से यह बहुत आसान है।

आवश्यक दस्तावेज:

  • पैन कार्ड
  • आधार कार्ड
  • बैंक डिटेल्स
  • मोबाइल नंबर (आधार OTP के लिए)

5. SIP राशि और तारीख तय करें

  • ₹500–₹1000 प्रतिमाह से शुरू करें।
  • ECS/NACH के जरिए बैंक खाते से ऑटो डेबिट सेट करें।
  • SIP की तारीख वेतन आने के बाद चुनें ताकि खाते में बैलेंस रहे।
  • समय-समय पर SIP राशि बढ़ाते रहें।

6. निगरानी और समीक्षा करें

  • साल में एक बार प्रदर्शन की समीक्षा करें और अपने डिस्ट्रीब्यूटर से चर्चा करें।
  • बाजार के उतार-चढ़ाव में निवेश बनाए रखें – SIP अनुशासन से ही काम करता है।

7. SIP शुरू करने के स्टेप्स (AssetPlus उदाहरण)

  1. मोबाइल नंबर और नाम डालकर ऐप डाउनलोड करें।
  2. मोबाइल नंबर और पासवर्ड (पैन नंबर) से लॉगिन करें।
  3. पता, नॉमिनी, बैंक डिटेल्स, सिग्नेचर भरें।
  4. KYC पूरा करें।
  5. फंड प्रकार चुनें (इक्विटी, डेब्ट आदि)।
  6. विकल्प चुनें → ग्रोथ।
  7. योजना चुनें → स्मॉल, मिडकैप या लार्ज कैप।
  8. SIP राशि तय करें।
  9. फ्रिक्वेंसी चुनें (डेली या मंथली)।
  10. सबमिट पर क्लिक करें।
  11. कार्ट में जाकर पेमेंट करें।
  12. यूपीआई, आधार या नेट बैंकिंग से पेमेंट अप्रूव करें।
  13. अब आपका फोलियो नंबर बन जाएगा और SIP शुरू हो जाएगी
👇

अन्य प्लेटफॉर्म पर भी प्रक्रिया लगभग इसी तरह होती है।


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